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Delhi-NCR-Noida property News : इस शहर में इतने बढ़ गए फ्लैटों के रेट, बिल्डर्स की हो गई मौज

Property in Noida : फ्लैट खरीदारों को घर दिलाने के लिए उत्तर प्रदेश की सरकार लगातार प्रयास कर रही है। खरीददारों की फ्लैटों पर रजिस्ट्री हो सके,इसके लिए सरकार सभी आवश्यक फैसले ले रही है। लेकिन रजिस्ट्री की मंजूरी मिलते ही किसी भी प्रोजेक्ट में फ्लैट्स के दाम बढ़ने लगते हैं। आइए जानते हैं इस बारे में।

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Delhi-NCR-Noida property News: इस शहर में इतने बढ़ गए फ्लैटों के रेट, बिल्डर्स की हो गई मौज

HBN News Hindi (ब्यूरो) : आपको बता दें कि नोएडा-ग्रेटर नोएडा में फ्लैट्स की रजिस्ट्री का रास्ता खुल गया है। लेकिन रजिस्ट्री की मंजूरी मिलते ही  प्रॉपर्टी के रेट अचानक से बढ़ गए हैं। इस आदेश से नोएडा और ग्रेटर नोएडा की कई हाउसिंग सोसायटियों में उत्साह का भाव है,(property in noida) लेकिन इसके चलते बहुत सारे खरीदार अब चाहकर भी अपना फ्लैट नहीं खरीद पा रहे हैं।आइए जानते हैं इस खबर में फ्लैट की डिटेल के बारे में।

 

 

रजिस्ट्री खुलने से कीमत में बड़ा उछाल 

 

नोएडा-ग्रेटर नोएडा में फ्लैट्स की रजिस्ट्री खुलने से एक ओर जहां घर खरीदारों में खुशी का माहौल है। वहीं दूसरी ओर नए खरीदारों को झटका भी लगा है। दरअसल, फ्लैट की रजिस्ट्री खुलने से कीमत में बड़ा उछाल आ गया है। प्रॉपर्टी के जानकार यह (नोएडा में फ्लैट्स की रजिस्ट्री)मानते है कि प्रॉपर्टी की कीमत उनकी रुकी हुई रजिस्ट्री के खुलते ही अलग राह पर चल पड़ी है। एक बिल्डर रजिस्ट्री वाले फ्लैट्स की कीमत में पहले से औसतन 30-40% की वृद्धि करके बेच रहा है क्योंकि ऐसे यूनिटस अब लगभग गिने-चुने बचे है।

घर खरीदार भी भविष्य में परेशानी से बचने के लिए केवल रजिस्ट्री वाले फ्लैट्स ही लेना चाहते है। चाहे नोएडा हो या ग्रेटर नोएडा या ग्रेटर नोएडा वेस्ट, कुछ सेक्टरों में प्रॉपर्टी के रेट केवल 1 साल के अंदर लगभग 2 से 3 गुने तक महंगे हो चुके हैं। 

 


अथॉरिटी की सिफारिशों से रास्ता निकला 


क्रेडाई वेस्टर्न यूपी के सचिव दिनेश गुप्ता के अनुसार अथॉरिटी द्वारा अमिताभ कांत समिति की सिफारिशों को स्वीकार करने से लगभग 95% समस्याओं का समाधान हुआ है। लगभग 90% बिल्डरों ने 25% धनराशि जमा कर दी है और चरणबद्ध रूप में रजिस्ट्रियां (Authority of Registries)कराई जा रही है जो कि रियल्टी सेक्टर के लिए बूस्टर का काम करेगा। प्रॉपर्टी मार्केट पूरी तरीके से डिमांड-सप्लाइ की एक चेन की तरह चलता है। घर खरीदार भी अब पहले से ज्यादा जागरूक है और पाजेशन सहित रजिस्ट्री वाले घरों को प्राथमिकता दे रहे है। इसलिए रजिस्ट्री वाली प्रॉपर्टी (फ्लैट की कीमतों में बड़ा उछाल)की मांग बढ़ रही है। इसका असर कीमत पर भी देखने को मिल रहा है। कीमत तेजी से बढ़ रही है। 

 

नोएडा में इतने फ्लैट की होगी रजिस्ट्री 


गौरतलब है कि अमिताभ कान्त कमेटी की सिफारिशें मानने के बाद से गौतमबुद्ध नगर में प्रोमोटर्स की अलग-अलग परियोजनाओं में नोएडा में 12,000 रजिस्ट्री का रास्ता खुला है जिसमें 1200 रजिस्ट्री हो चुकी हैं। वहीं अगर ग्रेटर नोएडा की बात करे तो 50,000 से ज्यादा रजिस्ट्रियां की परमिशन अथॉरिटी (Permit Authority of Registries) ने दी है जिसने 14,000 के करीब रजिस्ट्रियां शुरू कीं कराई जा चुकी है। रेडी टू मूव के साथ अब रजिस्ट्री वाले घर नया बेंचमार्क बन चुके है जो निवेश को सुरक्षित बनाता है। 

 

 

 जून के बाद बढ़ेगी तेजी


अंतरिक्ष इंडिया के सीएमडी राकेश यादव ने कहा कि अगर 4 जून को एक बार फिर केंद्र में मजबूत सरकार बनती है तो प्रॉपर्टी मार्केट में और अच्छी तेजी देखने को मिलेगी। ऐसा इसलिए कि मजबूत सरकार होने से नीतियों में बड़ा बदलाव नहीं आएगा, इंफास्ट्रक्चर (real estate project in noida)पर खर्च में कटौती नहीं होगी। इससे अर्थव्यवस्था में मजबूती बढ़ेगी जिससे नौकरियों के अवसर सृजित होंगे। यह नौकरी करने वालों में विश्वास बढ़ाएगा। ओवरऑल सेनेरियो बेहतर होने का फायदा प्रॉपर्टी बाजार को मिलेगा। ऐसे में मेरा मनना है कि 4 जून के बाद प्रॉपर्टी बाजार की रफ्तार और तेजी होगी।

 

खरीददारों द्वारा बेहतर लाइफस्टाइल  की तलाश 


आरजी ग्रुप के निदेशक हिमांशु गर्ग के अनुसार, "ग्राहक सिर्फ एक अच्छे अपार्टमेंट की नहीं, बल्कि एक जीवनशैली की भी तलाश रहे हैं। जो ग्राहक पहले इनडोर गेम्स और स्विमिंग पूल, क्लब आदि जैसी सुविधाओं के बारे में पूछताछ करते थे, वही अब भव्य प्रवेश द्वारों, एक(नोएडा में फ्लैट्स की रजिस्ट्री) शानदार व सुविधाओं वाले क्लब हाउस, बढ़िया लैंडस्केपिंग, गेमिंग, स्पोर्ट्स और मनोरंजन क्षेत्र और यहां तक कि आने वाले मेहमानों के लिए आंतरिक सुविधाओं आदि के बारे में सवाल कर रहे हैं। इन सुविधाओं पर ग्राहकों द्वारा खर्च करने की प्रवृत्ति के कारण हमने नोएडा और ग्रेटर नोएडा वेस्ट में शेष भूखंडों पर प्रीमियम सेगमेंट के यूनिटस का निर्माण करना तय किया है।

 

ये प्रॉपर्टी है पहली पसंद 


केडब्ल्यू ग्रुप के निदेशक पंकज कुमार जैन का कहना है कि किसी भी बिल्डर के लिए एक साथ पूरे भूखंड को विकसित करना आसान नही होता है। ऐसे में बिल्डर परियोजनाओं को चरणबद्ध तरीके से विकसित करने लगे हैं जिससे समय पर डिलीवरी दी(Bussiness News 2024) जा सके। समस्त एनसीआर में इस समय खरीदार रेडी टू मूव प्रॉपर्टी को पसंद कर रहे हैं और निर्माणाधीन प्रॉपर्टी में बिल्डर का प्रोफ़ाइल अच्छे से देख कर निवेश कर रहे हैं। सेक्टर के जानकारों का मानना है कि रियल एस्टेट मार्केट की इस तेजी का लाभ ऐसे ग्रुप भी उठायेंगे जो पहले से ऐसे मौके की तैयारी में थे। ऐसे में घर खरीदारों के लिए ज्यादा इन्तजार उनकी जेब पर भारी पड़ सकता है।